

- दिनांक 27 अगस्त 2025 से खाटू की तरह प्राचीन भटलीधाम में महाराज श्री की श्रीमद्भागवत कथा होने जा रही हैं।
बिलासपुर , 24 अगस्त , युगाब्द 5127 भाद्रपद मास शुक्लपक्ष प्रतिपदा रविवार की पावन बेला में अग्रसेन भवन बिल्हा में श्रीधाम वृंदावन निवासी आचार्य विनयकांत त्रिपाठीजी ( Vinaykant Tripathiji Maharaj ) के मुखारविंद से विविध सुमधुर भजनों की अविरल गंगा से धर्मनिष्ठ श्रद्धालु भावविभोर होकर झूमने पर मजबूर हो गए। मंढोलीवाल परिवार के बजरंगलाल, नानकराम, बलदेव,संजय, कैलाश, सुभाष, मनोज, सतीश, कमल, ललित, राकेश, हर्ष, कमल,रजत, शिवम, आदित्य, निलेश, मयंक, संतोष, मोहन, अनिता, रेखा, सरोज, ज्योति, स्वाति, सुनीता, निशा, रेणु, रीना, नेहा, मोनिका, हनी, करिश्मा सहित सैकड़ो की सँख्या में परिजन उपस्थित थे।

भजनों के दौरान विनयकांत ने वर्तमान परिवेश पर चर्चा करते हुए माताओं बहनों को संस्कृति व संस्कार अपनाने पर जोर देते हुए 100% हिंदुत्व वाला हिंदूराष्ट्र बनाने हेतु कृतसंकल्प लेने का आग्रह करते हुए मंढोलीवाल परिवार के प्यार व दुलार हेतु शुभाशीष प्रदान किया। इस अवसर पर मैंने छोड़ी की यारी कन्हैया मेरा यार बन गया….
ब्रज में रतन राधिका गोरी.. पतझड़ में फूल खिल गए है.. मुझे कौन पूछता था तेरी बंदगी से पहले जैसे अनेकों भजन प्रस्तुत किये .

मंढोलीवाल परिवार की तरफ से ललित अग्रवाल ने तीन वर्ष पूर्व श्रीमद्भागवत पाठ के पश्चात आज पुनः भजन संध्या को अविस्मरणीय बनाने हेतु श्रीधाम वृंदावन निवासी आचार्य विनयकांत त्रिपाठी व उनकी टीम तथा उपस्थित श्रद्धालुओं का धन्यवाद ज्ञापित करते हुए बताया कि सोमवार शाम को ॐ मेटल्स, कोनी वाले ओमप्रकाश अग्रवाल के निवास पर भी पुनः महाराज श्री को सुनने का सुअवसर प्राप्त होगा।
दिनांक 27 अगस्त 2025 से खाटू की तरह प्राचीन भटलीधाम में महाराज श्री की श्रीमद्भागवत कथा होने जा रही हैं।
