विशिष्ट अतिथि कुलसचिव प्रोफेसर ए.एस रणदिवे ने अन्तर्राष्ट्रीय योग दिवस की शुभकामना देते हुए सभी से योग का दैनिक जीवन में निरन्तर अभ्यास का आग्रह किया।
बिलासपुर, 2 2 जून ,campusamachar.com, गुरू घासीदास विश्वविद्यालय (केन्द्रीय विश्वविद्यालय) में कुलपति प्रोफेसर आलोक कुमार चक्रवाल के संरक्षण एवं कुशल मार्गदर्शन में ग्यारहवां अंतरराष्ट्रीय योग दिवस का आयोजन शारीरिक शिक्षण, योग एवं खेल विज्ञान विभाग द्वारा 21 जून, 2025 को सुबह 6.30 बजे से किया गया। योग दिवस 2025 की थीम “एक पृथ्वी, एक स्वास्थ्य के लिए योग” रही।
ग्यारहवें अंतरराष्ट्रीय योग दिवस ( International Yoga Day ) के अवसर पर आयोजित कार्यक्रम की अध्यक्षता कर रहे प्रभारी कुलपति प्रो. अमित कुमार सक्सेना ने अन्तर्राष्ट्रीय योग दिवस की बधाई एवं शुभकामना देते हुए कहा कि योग को लेकर विश्वभर में अभियान चल रहा है। उन्होंने उपस्थित शिक्षकगण, कर्मचारीगण और छात्र-छात्राओं से आह्वान किया कि योग महज एक औपचारिकता तक सीमित ना रहे बल्कि इसे दैनिक जीवन में उतारें। इसका नियमित अभ्यास करें।
विशिष्ट अतिथि कुलसचिव प्रोफेसर ए.एस रणदिवे ने अन्तर्राष्ट्रीय योग दिवस की शुभकामना देते हुए सभी से योग का दैनिक जीवन में निरन्तर अभ्यास का आग्रह किया। उन्होंने कहा कि योग हमारे स्वास्थ्य से जुड़ा हुआ है। यह सकारात्मक ऊर्जा के साथ संतुलित व्यवहार का मार्ग प्रशस्त करता है।
2015 से प्रारंभ हुआ योग उत्सव ( International Yoga Day) का यह क्रम निरंतर आगे बढ़ रहा है। सुबह 6.40 से 7.25 बजे तक मंत्रालय से प्राप्त 45 मिनट के कॉमन योगा प्रोटोकोल के अनुसार योगाभ्यास किया गया। इस अवसर पर विश्वविद्यालय के योग और प्राणायाम केन्द्र में शारीरिक शिक्षण, योग एवं खेल विज्ञान विभाग के सहायक प्रोफेसर डॉ. तिलक राज मीणा जी के नेतृत्व में योग इंस्ट्रक्टर श्री पुंडलिक बुराँदे एवं श्री अविनाश राय के निर्देशन में विद्यार्थियों के द्वारा भारतीय योग मुद्राओं का अभ्यास कराया गया । इस मौके पर माननीय प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी जी के आंध्र प्रदेश के विशाखापट्टनम सें 11वें अन्तरराष्ट्रीय योग दिवस पर उद्बोधन एवं योगाभ्यास का सजीव प्रसारण भी एलईडी स्क्रीन पर किया गया।
इससे पूर्व कार्यक्रम ( International Yoga Day) के प्रारम्भ में प्रो. रत्नेश सिंह, विभागाध्यक्ष, शारीरिक शिक्षण विभाग द्वारा अतिथियों को पुष्प गुच्छ भेंट कर सम्मान किया गया। कार्यक्रम का संचालन एवं धन्यवाद ज्ञापन सह आचार्य डॉ. महेन्द्र सिंह धपोला ने किया। इस अवसर पर विश्वविद्यालय की विभिन्न विद्यापीठों के अधिष्ठातागण, विभागाध्यक्षगण, अधिकारीगण, शिक्षकगण, अध्यापनेत्तर कर्मचारीगण, शोधार्थी एवं छात्र-छात्राएं शामिल हुए।
Bilaspur का ये VIDEO जरुर देखें
