
लखनऊ , 11 फरवरी,campussamachar.com, सहायता प्राप्त गैर सरकारी माध्यमिक विद्यालयों में पिछले 28 – 30 सालों से अर्थात वर्ष 2000 से पूर्व के तदर्थ शिक्षकों को विनियमित करने मे सक्षम अधिकारियों द्वारा लगातार टाल मटोल किये जाने पर माध्यमिक शिक्षक संघ (पांडेय गुट) ने कड़ी नाराजगी जाहिर की है।
संघ के प्रादेशिक अध्यक्ष डॉ जितेंद्र कुमार सिंह पटेल एवं वरिष्ठ नेता ओम प्रकाश त्रिपाठी ने इस मामले में मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ जी का व्यक्तिगत ध्यान आकर्षित करते हुए तत्काल हस्तक्षेप करने की माँग की है।
शिक्षक नेताओ ने कहा कि शीर्ष अदालत तक ने भी इन तदर्थ शिक्षकों को विनियमित कर उन्हे बिना व्यवधान के नियमित वेतन भुगतान करने व विनियमित किये जाने का आदेश जारी किया है।

इसके अलावा उच्च न्यायालय ने भी केवल पांच विन्दुओं को जिसमे नियुक्ति के समय पद रिक्त, नियुक्ति शिक्षक की शैक्षिक योग्यता, तत् समय लागू नियुक्ति प्रक्रिया, प्रधान एवं प्रबंध समिति के संबंधी न होने और आयोग द्वारा चयनित अभ्यर्थी द्वारा कार्य भार ग्रहण न करने की स्थिति मे उन्हें शीघ्र नियमित कर दिये जाने का स्पष्ट आदेश के बाद भी लगभग 2300 एक लंबी अवधि से कार्यरत तदर्थ शिक्षक अपने भविष्य को लेकर अत्यन्त चिंतित हैं।
शिक्षा अधिकारियों द्वारा उनकी मजबूरी का शोषण किया जा रहा है। यह उनके और उनसे जुड़े परिजनों के साथ घोर अन्याय है। शिक्षक नेताओ ने शिक्षकों की आजीविका से जुड़े इस अति संवेदन शील मामले मे मुख्य मंत्री योगी आदित्यनाथ जी तत्काल हस्तक्षेप कर उनके साथ हो रहे घोर अन्याय को दूर कर उन्हें नियमित कर न्याय दिलाये जाने की माँग की है।
