

- श्रद्धा सुमन अर्पण के इस कार्यक्रम में महाविद्यालय की शिक्षिकाएं छात्राएं एवं शिक्षणेत्तर कर्मचारी आदि उपस्थित थे।
लखनऊ , 23 जनवरी , campussamachar.com, तुम मुझे खून दो, मैं तुम्हें आज़ादी दूंगा, जय हिन्द, अपनी ताकत पर भरोसा करो, उधार की ताकत तुम्हारे लिए घातक है, जैसे ओजस्वी विचारों और जोशीले नारों से भारतवासियों को जागृत कर ब्रिटिश हुकूमत की नींद उड़ा देने वाले महान राष्ट्रनायक नेताजी सुभाष चन्द्र बोस की 128वीं जंयती ( Subhas Chandra Bose Jayanti 2025) पर खुन खुन जी गर्ल्स पी जी कॉलेज ( khun khun ji girls degree college lucknow,) में एक कार्यक्रम का आयोजन किया गया ।
महाविद्यालय की प्राचार्या प्रो अंशु केडिया एवं अन्य शिक्षिकाओं एवं शिक्षणेतर स्टाफ द्वारा नेताजी सुभाष चंद्र बोस जी की प्रतिमा पर माल्यार्पण किया गया तथा उनके व्यक्तित्व एवं कृतित्व के बारे में छात्राओं को परिचित कराया, साथ ही स्वतंत्रता संग्राम में उनकी भूमिका और उनके द्वारा चलाए गए आंदोलन के बारे में विस्तार से चर्चा की।
प्राचार्या प्रो अंशु केडिया ने बताया कि देश की आजादी की भावना उनमे इतनी अधिक बलवती थी कि उन्होने ICS परीक्षा उत्तीर्ण करने के 7 माह बाद ही इस्तीफा दे दिया क्योंकि उनका मुख्य उद्देश्य अंग्रेजों की ग़ुलामी से देश को आजाद कराना था. देश के बाहर रहते हुए अपनी मुखर आजाद हिंद फौज का गठन किया जिसमें एक महिला रेजिमेंट, रानी लक्ष्मी बाई का भी गठन किया जिसकी कैप्टन, लक्ष्मी सहगल थी . गांधी जी और नेताजी के बीच विवाद का कारण सैद्धांतिक था. गांधी जी अहिंसा और सत्याग्रह का माध्यम अपनाना चाहते थे जबकि नेताजी क्रांति का I फिर भी नेताजी ने सदैव गांधी जी का सम्मान किया और उन्हें सदी के महानतम नेता और राष्ट्रपिता का नाम दिया . श्रद्धा सुमन अर्पण के इस कार्यक्रम में महाविद्यालय की शिक्षिकाएं छात्राएं एवं शिक्षणेत्तर कर्मचारी आदि उपस्थित थे।
