
बिलासपुर. छत्तीसगढ़ प्रधानपाठक कल्याण संघ के प्रांताध्यक्ष सीके महिलांगे ने प्रधान पाठकों को ग्रामीण क्षेत्रों में कोरोना सर्वेक्षण ड्यूटी लगाने का विरोध किया है। इनका कहना है कि प्रधान पाठकों के द्वारा अनेक प्रकार की जानकारी तत्काल देनी होती है। इतना ही नहीं स्कूलों में बच्चों को सूखा राशन आदि वितरण भी करना भी है।
प्रांताध्यक्ष सीके महिलांगे ने इस बात पर चिंता जताई है कि अधिकाारियों ने कई वरिष्ठ प्रधान पाठक और सेवानिवृत्त के करीब होने वाले प्रधान पाठकों की भी ड्यूटी लगाई गई है, जो मानवीय दृष्टि से बेहद गलत है। उन्होंने कहा कि अधिकारियों के इस निर्णय का छत्तीसगढ़ प्रधान पाठक कल्याण संघ बिलासपुर के द्वारा विरोध किया जाता है। साथ ही प्रधान पाठकों को घर-घर जाकर टीकाकरण में सर्वे करने से संबंधी जारी आदेश को निरस्त करने की मांग की जाती है।
क्यों लग रही कोरोना ड्यूटी
50 साल से ऊपर वालों और सेवानिवृत्त होने वाले शिक्षकों और प्रधान पाठकों का कोरोना ड्यूटी नहीं लगाने का आदेश है फिर भी अधिकारी ड्यूटी लगा रहे हैं। जिसका सभी शिक्षक संगठनों के द्वारा विरोध किया जाएगा।
