

- जीएसटी शून्य करने के बाद भी सेवानिवृत बैंकर्स से ना केवल बीमा प्रीमियम की राशि वसूल की जा रही है, अपितु उसपर जीएसटी भी अलग से लिया जा रहा है.
बिलासपुर , 16 अक्तूबर , ऑल इंडिया पीएनबी पेंशनर्स एसोसिएशन के चेयरमैन ललित अग्रवाल, अध्यक्ष सुरेंद्र चावड़ा, सचिव रूपरतन सिंह, कोषाध्यक्ष कैलाश अग्रवाल के नेतृत्व में स्वास्थ्य बीमा पर विस्तृत जानकारी देने हेतु आज एक विशेष बैठक का आयोजन बुधवारी बाजार शाखा में किया गया. सर्वप्रथम नये सदस्यों अश्विनी कुमार सूद व पार्थो घोष का स्वागत किया गया.
ललित अग्रवाल ने बताया कि यह बैंकर्स का दुर्भाग्य ही है कि ना तो वे आयुष्मान भारत प्रधानमन्त्री जन आरोग्य योजना का लाभ ले सकते है, ना ही उनके पूर्व नियोक्ता द्वारा अन्य संस्थानों की तरह स्वास्थ्य बीमा उपलब्ध कराया जाता है. और तो और अभी प्रधानमन्त्री जी द्वारा स्वास्थ्य बीमा पर जीएसटी शून्य करने के बाद भी सेवानिवृत बैंकर्स से ना केवल बीमा प्रीमियम की राशि वसूल की जा रही है, अपितु उसपर जीएसटी भी अलग से लिया जा रहा है.

इस सदंर्भ में ऑल इंडिया पीएनबी पेंशनर्स एसोसिएशन के चार सदस्यों द्वारा केरल हाईकोर्ट में रिट पिटीशन दायर किया गया है. उन्होंने बिलासपुर उच्च न्यायालय के माननीय न्यायधीशो से स्वत: संज्ञान लेने का आग्रह किया है. ललित अग्रवाल ने बताया कि पंजाब नैशनल बैंक ने कई सालों पहले ओरियन्टल एश्योरेंस कम्पनी लिमिटेड से प्रत्येक स्टॉफ हेतु उनके सेवानिवृत होने पर प्रतिवर्ष रु. 50 हजार का समूह स्वास्थ्य बीमा लिया गया था. तभी कुछ जागरूक सदस्यों द्वारा स्वयं प्रीमियम का भुगतान कर प्रतिवर्ष रु चार लाख पचास हजार का अतिरिक्त बीमा लिया गया था. लेकिन आईआरडीए के नियन्त्रण के बाद भी स्थानीय ओआईसी की शाखाओ में इसकी कोई जानकारी ही उपलब्ध नहीं है. बीमा लाभ लेना तो दूर की बात है. पंजाब नैशनल बैंक द्वारा सेवानिवृत स्टॉफ से एकमुश्त रु 5 हजार लेकर नाममात्र का बीमा दिया जाता है.

यह वरिष्ठ जन रहे उपस्थित
ऐसे में मजबूर होकर सेवानिवृत बैंकर्स को स्वास्थ्य लाभ लेने हेतु प्रतिवर्ष 70 से 80 हजार रूपये बीमा प्रीमियम के रूप में भरना पड़ता है.
आज की बैठक में ललित अग्रवाल, सुरेंद्र चावड़ा, रूपरतन सिंह, कैलाश अग्रवाल, अश्विनी कुमार सूद, पार्थो घोष, रवि टण्डन, रमेश कोशले, रामकुमार जायसवाल, नागो राव पुडके, गणेश यादव आदि उपस्थित रहे. सचिव रूपरतन सिंह सहित ऑल इंडिया पीएनबी पेंशनर्स एसोसिएशन के पदाधिकारियों ने सभी सदस्यों से आग्रह किया कि वे उनकी भावनाओं व आर्थिक स्थिति को समझते है. भारत में मेडिकल प्रोफेशन एक व्यवसाय बन गया है. बीमारियों के खर्च काफी बढ़ गये है अत: वे अपनी अपनी सुविधाओं के अनुरूप कोई ना कोई स्वास्थ्य बीमा अवश्य ही लेवे. अंत में अध्यक्ष सुरेन्द्र चावड़ा ने आभार व्यक्त किया.
