
- उत्तर प्रदेश सरकारी सेवक अनुशासन एवं अपील) नियमावली 1999 में विहित व्यवस्थानुसार तत्काल प्रभाव से एतद्द्वारा निलंबित किया जाता है। निलम्वन अवधि में आपको वित्तीय नियम संग्रह खण्ड-2 भाग-2 से 4 के मूल नियम के प्राविधानों के अनुसार नियमानुसार जीवन निर्वाह भत्ता देय होगा
प्रयागराज/लखनऊ , 26 जुलाई . पहले उस आदेश को पढ़िए जिसे कार्यालय, शिक्षा निदेशक (उच्च शिक्षा), उ०प्र०, प्रयागराज ने जारी किया और इसका क्रमांक संख्या है आज्ञा संख्याः डिग्री प्रबन्ध/53/2025-26 दिनांक- 17.07.2025. यह कार्यालय आदेश शशि भूषण प्रशासनिक अधिकारी उच्च शिक्षा निदेशालय, प्रयागराज के लिए जारी किया गया . डॉ शशि कपूर संयुक्त शिक्षा निदेशक (उच्च शिक्षा) कृते शिक्षा निदेशक (उच्च शिक्षा) उ० प्र०, प्रयागराजने जारी किया है .
इस पात्र में लिखा गया है कि शशि भूषण प्रशासनिक अधिकारी ने किस स्तर पर लापरवाही की है . सामान्य शिक्षकों की बात छोडिये उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री कार्यालय के आदेशों की भी नहीं की .पत्र में कहा गया है कि सचिव मा० मुख्यमंत्री कार्यालय उत्तर प्रदेश शासन के द्वारा वृंदा दीक्षित पुत्री स्व. डॉ. सूर्य नारायण दीक्षित के पत्र दिनांक-25.06.2025 पर नियमानुसार कार्यवाही करते हुये आख्या प्रेषित करने की अपेक्षा की गयी है।
पत्र में उल्लिखित प्रकरण के अवलोकनोपरान्त प्रथम दृष्ट्या यह प्रतीत होता है कि आप द्वारा प्रकरण के निस्तारण में शिथिलता बरती गयी है तथा शशि भूषण प्रशासनिक अधिकारी पर निम्न आरोप संज्ञानित होते है –
1 वृंदा दीक्षित द्वारा पेंशन से संबंधित समस्त दस्तावेज एवं आवेदन पत्र अप्रैल माह में गोरखपुर विश्वविद्यालय से वित्त नियंत्रक उच्च शिक्षा निदेशालय प्रयागराज को दिनांक 07.04.2025 को प्रस्तुत कर दिये गये थे,
किन्तु प्रकरण में आपके द्वारा समयान्तर्गत कार्यवाही नहीं की गयी।
2. वित्त नियंत्रक से जारी उपरोक्त से संबंधित पेंशन आदेश दिनांक 20.06.2025 को स्वीकृत होने के पश्चात पंजीकृत डाक से संबंधित को ससमय प्रेषित नहीं किया गया।
3. वृंदा दीक्षित द्वारा माननीय मुख्यमंत्री कार्यालय उमर प्रदेश शासन में पत्र दिनांक 25.06.2025 को प्रेषित किया गया. जिस पर सचिव मा० मुख्यमंत्री कार्यालय उत्तर प्रदेश शासन के द्वारा नियमानुसार कार्यवाही करते हुये आख्या प्रेषित करने की अपेक्षा की गयी है। प्रकरण में शिक्षा निदेशक महोदय द्वारा पृच्छा करने उपरान्त आपके द्वारा पेंशन आदेश दिनांक 20.06.2025. शि.नि. महोदय को व्हाटसप के माध्यम से प्रेषित क्रिया गया।
4. उत्ता प्रकराण पर आपसे इस कार्यालय के पत्र दिनांक 15.07.2025 द्वारा स्यष्टीकरण की मांग की गयी, जो अद्यतन अप्राप्त है। आपका यह कृत्य कर्मचारी आचरण नियमावली के प्रतिकूल होने के दृष्टिगत आपको उत्तर प्रदेश सरकारी सेवक अनुशासन एवं अपील) नियमावली 1999 में विहित व्यवस्थानुसार तत्काल प्रभाव से एतद्द्वारा निलंबित किया जाता है। निलम्वन अवधि में आपको वित्तीय नियम संग्रह खण्ड-2 भाग-2 से 4 के मूल नियम के प्राविधानों के अनुसार नियमानुसार जीवन निर्वाह भत्ता देय होगा
जिसका भुगतान तभी किया जाएगा जब आप इस आशय का प्रमाणपत्र प्रस्तुत करेंगे कि आप किसी अन्य सेवायोजन, व्यापार वृत्ति या व्यवसाय में नहीं लगे हैं। शशि भूषण, प्रशासनिक अधिकारी निलम्बन अवधि में विधि प्रकोष्ठ उच्च शिक्षा निदेशालय प्रथागरात से सम्बद्ध रहेंगे। उक्त प्रकरण की जाँच हेतु डा० एस०के०एस० पाण्डेय सहायक निदेशक उच्च शिक्षा एवं सुबाष बहादुर सिंह वरिष्ठ प्रशासनिक अधिकारी उच्च शिक्षा निदेशालय प्रयागराज को संयुक्त रूप से जाँच अधिकारी नामित किया जाता है. तथा उनसे अपेक्षा की जाती है कि उक्त आरोपों की नियमानुसार जांच कर आख्या तीन सप्ताह में अधोहस्ताक्षरी के सम्मुख प्रस्तुत करने का कष्ट करें।
