

- कुलसचिव प्रो. ए.एस. रणदिवे ने तथा संचालन डॉ. मोहिनी गौतम ने किया। इस अवसर पर विभिन्न विद्यापीठों के अधिष्ठातागण, विभागाध्यक्षगण, अधिकारीगण, शिक्षणकगण एवं विद्यार्थी उपस्थित रहे।
बिलासपुर, 14 अप्रैल ,campussamachar.com, गुरू घासीदास विश्वविद्यालय (केन्द्रीय विश्वविद्यालय Guru Ghasidas University Bilaspur) ) में आज 14 अप्रैल, 2025 को सुबह 9.30 बजे भारत रत्न डॉ. बी.आर. अंबेडकर की जयंती मनाई गई। प्रशासनिक भवन के सभाकक्ष में आयोजित कार्यक्रम के मुख्य अतिथि विश्वविद्यालय के कुलपति प्रोफेसर आलोक कुमार चक्रवाल रहे।
कुलपति प्रोफेसर आलोक कुमार चक्रवाल ने भारत रत्न डॉ. भीमराव अंबेडकर जयंती ( Dr Babasaheb Ambedkar Jayanti ) एवं विश्वविद्यालय ( Guru Ghasidas University Bilaspur) में स्थापित गुरु घासीदास चेयर के शुभारंभ अवसर पर बधाई देते हुए कहा कि समाज के सशक्तिकरण एवं राष्ट्र को सुदढ़ बनाने के लिए बाबा साहब ( Dr Babasaheb Ambedkar Jayanti ) के संदेश अनुकरणीय हैं। उन्होंने कहा कि डॉ. अंबेडकर सामाजिक समरसता तथा सद्भाव के अग्रदूत थे। जिस प्रकार आजादी के पूर्व गुरु घासीदास बाबा जी ने समाज का उत्थान किया उसी प्रकार भारत रत्न डॉ. अंबेडकर जी ने भारत के नवनिर्माण के साथ ही सामाजिक समानता के लिए जनजागरण किया।
Dr Babasaheb Ambedkar Jayanti: कुलपति प्रोफेसर चक्रवाल ने कहा कि डॉ. अंबेडकर ( Dr Babasaheb Ambedkar Jayanti ) ने स्वतंत्र भारत के व्यवस्था के मेरुदंड रुपी संविधान के निर्माण का महती कार्य किया। उपस्थित शिक्षकों को संबोधित करते हुए कहा कि शिक्षकों का कर्तव्य न सिर्फ पाठ्यक्रम को पूर्ण करना है बल्कि विद्यार्थियों को नैतिक मूल्यों की शिक्षा के साथ ही राष्ट्र निर्माण के लिए प्रेरित करना भी है।
इससे पूर्व कुलपति प्रो. चक्रवाल एवं सौराष्ट्र विश्वविद्यालय की पूर्व कुलपति प्रो. नीलांबरी दवे सहित विभिन्न विद्यापीठों के अधिष्ठातागण एवं विभागाध्यक्षों ने डॉ. अंबेडकर जयंती के अवसर पर विश्वविद्यालय स्थित भारत रत्न डॉ. बी.आर. अंबेडकर ( Dr Babasaheb Ambedkar Jayanti ) की प्रतिमा पर पुष्प अर्पित किये। कार्यक्रम का शुभारंभ दीप प्रज्वलन कर एवं मां सरस्वती की प्रतिमा, बाबा गुरु घासीदास व डॉ. बी.आर. अंबेडकर के तैल चित्र पर माल्यार्पण के साथ हुआ। मंचस्थ अतिथियों को नन्हा पौधा भेंट कर स्वागत किया गया। तरंग बैंड के विद्यार्थियों ने सरस्वती वंदना की प्रस्तुति दी।
Dr Babasaheb Ambedkar Jayanti: प्रो. शैलेन्द्र कुमार अधिष्ठाता छात्र कल्याण ने स्वागत उद्बोधन दिया। इस अवसर पर गुरु घासीदास चेयर का शुभारंभ किया गया तत्पश्चात गुरु घासीदास चेयर प्रोफेसर प्रो. भारती अहिरवार ने अपने विचार व्यक्त किये। साथ ही मंचस्थ अतिथियों ने कुलपति प्रोफेसर आलोक कुमार चक्रवाल द्वारा संपादित पुस्तक गुरु घासीदास- सतनाम पंथ के प्रवर्तक का विमोचन किया। कार्यक्रम के अंत में धन्यवाद ज्ञापन विश्वविद्यालय ( Guru Ghasidas University Bilaspur) के कुलसचिव प्रो. ए.एस. रणदिवे ने तथा संचालन डॉ. मोहिनी गौतम ने किया। इस अवसर पर विभिन्न विद्यापीठों के अधिष्ठातागण, विभागाध्यक्षगण, अधिकारीगण, शिक्षणकगण एवं विद्यार्थी उपस्थित रहे।
